बांग्लादेश सरकार ने कहा है कि देश में इस्कॉन पर प्रतिबंध लगाने के बारे में कोई विचार-विमर्श नहीं हुआ है। अंतरिम सरकार में पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन से संबंधित सलाहकार सैय्यदा रिजवाना हसन ने बृहस्तिवार को ढाका में यह जानकारी दी।
इससे पहले गुरुवार को बांग्लादेश उच्च न्यायालय ने बांग्लादेश में इस्कॉन पर प्रतिबंध लगाने की मांग करने वाली एक निजी रिट याचिका पर सुनवाई के बाद इस्कॉन मुद्दों में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया। न्यायालय ने सरकार की प्रतिक्रिया पर संतुष्टि व्यक्त की और नागरिकों के जीवन और संपत्ति की सुरक्षा के लिए प्रयास जारी रखने का निर्देश दिया। बाद में गुरुवार को इस्कॉन बांग्लादेश के महासचिव चारू चंद्रदास ब्रह्मचार्य ने ढाका में एक प्रेसवार्ता में कहा कि चिनमन्य कृष्णादास ब्रह्मचारी हमारे संगठन के नहीं है, क्योंकि संगठन ने उन्हें निष्काषित कर दिया है। उन्होंने आगे कहा कि संगठन उनके बयानों और भाषणों पर कोई जिम्मेदारी नहीं उठाएगा।
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