भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 29 नवंबर को समाप्त सप्ताह में 1 अरब 51 करोड़ डॉलर बढ़कर 658 अरब 9 करोड़ डॉलर हो गया। यह बढोत्तरी खासकर विदेशी मुद्रा परिसंपत्ति में वृद्धि के कारण हुई है जो अब 568 अरब 85 करोड़ डॉलर हो गई है। विशेष आहरण अधिकार भी 220 करोड़ डॉलर बढ़कर 18 अरब 1 करोड़ डॉलर का हो गया है।
रिज़र्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बताया कि विदेशी मुद्रा भंडार महत्वपूर्ण है क्योंकि इसका उपयोग असामान्य परिस्थितियों से निपटने, बाज़ार में विश्वास तथा समग्र वित्तीय स्थिरता बनाए रखने के लिए किया जाता है।
केन्द्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज नई…
कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय के अधीन निवेशक शिक्षा और संरक्षण कोष प्राधिकरण (आईईपीएफए) ने सार्वजनिक…
केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने NEET UG-2026 परीक्षा से जुड़ी कथित अनियमितताओं और पेपर लीक…
भारत कल से शुरू होने वाली दो दिन की ब्रिक्स विदेश मंत्रियों की बैठक की…
ऑल इंडिया एन आर कांग्रेस नेता एन. रंगासामी ने आज रिकॉर्ड पांचवीं बार पुद्दुचेरी के…
तमिलनाडु में मुख्यमंत्री जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली नवगठित सरकार ने 144 विधायकों का बहुमत…