शक्तिशाली सौर आंधी के कारण आस्ट्रेलिया से ब्रिटेन तक आकाशीय बिजली दिखाई दी। इसे अक्टूबर 2003 के हैलोवीन तूफान के बाद से अब तक का सबसे शक्तिशाली तूफान माना जा रहा है। ऐसी स्थिति तब उत्पन्न होती है जब सूर्य के बाहरी आवरण का चुम्बकीय क्षेत्र और प्लाज्मा अधिक मात्रा में बाहर निकल रहा हो। इससे कई जगहों पर संचार नेटवर्क, उपग्रह और बिजली घरों का कामकाज प्रभावित हुआ। अमरीकी मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले समय में ऐसी और स्थितियां पैदा हो सकती हैं।
भारतीय रेलवे ने सभी रेलवे जोनों में सटीक योजना और समन्वित कार्यान्वयन के माध्यम से…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 3 मार्च, 2026 को सुबह 11:15 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से…
भारत और कनाडा ने आज नई दिल्ली में व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (सीईपीए) के लिए…
आईएनएस सुदर्शिनी 01 मार्च 2026 को ऐतिहासिक पोर्ट सिटी अलेक्जेंड्रिया पहुंचा, जो उसके चल रहे…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के बीच सऊदी अरब के…
रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने 2 मार्च, 2026 को मुंबई के नौसेना गोदी में…