भारत

आंध्र प्रदेश, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र और तेलंगाना में NAFED और NCCF के माध्यम से MSP पर खरीद जारी: शिवराज सिंह चौहान

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के कहा कि मोदी सरकार किसान हितैषी सरकार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार किसानों की बेहतरी के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ निरंतर काम कर रही है। इसी दिशा में किसानों से उनकी उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी का कार्य भी किया जा रहा है।

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि दलहन में आत्मनिर्भरता हमारा संकल्प है और इस तारतम्य में प्रमुख तुअर उत्पादक राज्यों में तुअर की खरीद की जा रही है जिसमें तेजी आई है। दालों के घरेलू उत्पादन को बढ़ाने, किसानों को प्रोत्साहित करने और आयात पर निर्भरता कम करने के लिए सरकार ने खरीद वर्ष 2024-25 के लिए राज्य के उत्पादन के 100% मूल्य समर्थन योजना (पीएसएस) के तहत तुअर, उड़द और मसूर की खरीद को मंजूरी दी है।

उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने बजट 2025 में यह भी घोषणा की है कि देश में दालों में आत्मनिर्भरता हासिल करने के लिए 2028-29 तक अगले चार वर्षों के लिए राज्य के उत्पादन का 100% तुअर (अरहर), उड़द और मसूर की खरीद की जाएगी। खरीफ 2024-25 सीजन के दौरान मूल्य समर्थन योजना के अंतर्गत आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात, हरियाणा, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, तेलंगाना और उत्तर प्रदेश राज्यों में तुअर (अरहर) की खरीद को मंजूरी दी है। इसके साथ ही किसानों के हित में कर्नाटक में खरीद अवधि को 90 दिनों से आगे 30 दिन बढ़ाकर 1 मई तक करने को भी मंजूरी दी है।

शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि आंध्र प्रदेश, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र और तेलंगाना में नैफेड और एनसीसीएफ के माध्यम से एमएसपी पर खरीद जारी है और 25 मार्च 2025 तक इन राज्यों में कुल 2.46 लाख मीट्रिक टन तुअर (अरहर) की खरीद की गई है जिससे इन राज्यों के 1,71,569 किसान लाभान्वित हुए हैं। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में तुअर की कीमत वर्तमान में एमएसपी से ऊपर चल रही है।

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि भारत सरकार केंद्रीय नोडल एजेंसियों के माध्यम से किसानों से 100% तुअर की खरीद के लिए प्रतिबद्ध है। इसी तरह, आरएमएस 2025 के दौरान चना, सरसों और मसूर की खरीद को मंजूरी दी गई है। पीएम-आशा योजना को 2025-26 तक बढ़ाया गया है। इसके तहत किसानों से एमएसपी पर दालों और तिलहनों की खरीद जारी रहेगी। आरएमएस 2025 के लिए चने की कुल स्वीकृत मात्रा 27.99 लाख मीट्रिक टन और सरसों की 28.28 लाख मीट्रिक टन है। प्रमुख राज्यों में राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात शामिल हैं। मसूर की कुल स्वीकृत मात्रा 9.40 लाख मीट्रिक टन है। तमिलनाडु में खोपरा (मिलिंग और बॉल) की खरीद को भी मंजूरी दी गई है। सरकार ने किसानों को पंजीकरण और प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए नैफेड और एनसीसीएफ पोर्टलों का उपयोग सुनिश्चित किया है। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से मेरी सभी राज्य सरकारों से अपील है कि वे यह सुनिश्चित करें कि MSP से नीचे कोई खरीद नहीं हो। हमारा उद्देश्य किसानों को फायदा पहुंचाना है और इस पवित्र उद्देश्य की पूर्ति के लिए हम कोई कोर कसर नहीं छोड़ेगे।

Editor

Recent Posts

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पारदर्शी और त्वरित एनओसी अनुमोदन के लिए संशोधित राजमार्ग प्रवेश पोर्टल का शुभारंभ किया

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे ईंधन स्टेशनों,…

1 घंटा ago

आईएनएस विक्रांत पर आयोजित समापन समारोह ने समुद्र के इतिहास में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की

भारतीय नौसेना का प्रमुख बहुपक्षीय समुद्री अभ्यास, एक्सरसाइज मिलान 2026, 25 फरवरी 2026 को विशाखापट्टनम…

1 घंटा ago

श्रीलंका T20 क्रिकेट विश्‍व कप से बाहर, न्‍यूजीलैंड ने सुपर 8 में 61 रन से हराया

श्रीलंका की टीम आईसीसी टी20 क्रिकेट विश्वकप से बाहर हो गई है। कोलंबो में सुपर-8…

1 घंटा ago

ईरान और अमेरिका आज जिनेवा में तीसरे दौर की परमाणु वार्ता करेंगे

ईरान और अमरीका के राजनयिक आज जिनेवा में तीसरे दौर की परमाणु वार्ता करेंगे। ईरान…

2 घंटे ago

NIA ने दिल्ली के लाल किले क्षेत्र में हुए बम विस्फोट की साजिश में शामिल दो और व्यक्तियों को गिरफ्तार किया

एनआईए ने दिल्ली के लाल किले क्षेत्र में हुए बम विस्फोट की साजिश में कथित…

2 घंटे ago

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजराइल की संसद ‘नेसेट’ को संबोधित किया

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने यरूशलम में नेसेट के विशेष पूर्ण अधिवेशन को संबोधित किया। वे…

2 घंटे ago