उत्तर प्रदेश विधानसभा ने गैरकानूनी धर्म परिवर्तन प्रतिषेध -संशोधन विधेयक -2024 पारित कर दिया है। संशोधनों का उद्देश्य सजा को बढ़ाकर इस अधिनियम को और अधिक कठोर बनाना है। पहले इस कानून के तहत अधिकतम सजा 10 वर्ष और 50 हजार रुपये तक का जुर्माना था। इस विधेयक के तहत राज्य में अवैध धर्म परिवर्तन पर 3 से 10 वर्ष की सजा का प्रावधान किया गया है। वहीं, सामूहिक धर्म परिवर्तन और विदेशी फंड से धर्म परिवर्तन कराने पर 7 से 14 वर्ष की सजा तय की गई है।
विधेयक में कहा गया है कि अगर किसी नाबालिग, महिला या व्यक्ति को बहला-फुसलाकर मानव तस्करी की जाती है तो ऐसे मामले में 20 वर्ष से लेकर आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है।
भारत-ब्राजील व्यापार निगरानी तंत्र (टीएमएम) की 8वीं बैठक ब्राजील के ब्रासीलिया में संपन्न हुई। इस…
अमरीका ने कल रात होर्मुज जलडमरूमध्य में स्थित लारक द्वीप पर ईरान के सैन्य ठिकानों…
वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने कहा कि वित्त वर्ष 2026-27 में भारत की आर्थिक विकास…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिन के किर्गिस्तान दौरे पर बिश्केक पहुंच गए हैं। हवाई अड्डे…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को उज़्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शावकत मिर्ज़ियोयेव द्वारा दोनों देशों के बीच मित्रता…
प्रधानमंत्री ने आज ताशकंद में शास्त्री स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस वर्ष ताशकंद में…