विदेश मंत्री एस जयशंकर आज श्रीलंका के सरकारी यात्रा पर कोलंबो पहुंचेंगे। इस दौरान डॉ. जयशंकर द्विपक्षीय साझेदारी के व्यापक मुद्दों पर श्रीलंका के शीर्ष नेतृत्व के साथ बैठक करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नई सरकार के गठन के बाद यह विदेश मंत्री की पहली यात्रा होगी।
विदेश मंत्री डॉक्टर एस. जयशंकर की आज की श्रीलंकाई यात्रा, भारत की नेबरहुड फर्स्ट नीति को और मजबूती देती लग रही है। जहां भारत, श्रीलंका के कई क्षेत्रों में अपनी प्रतिबद्धताओं को जारी रखना चाहता है। डॉक्टर जयशंकर, श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रम सिंह और प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने के साथ बैठक करेंगे। विदेश मंत्री की यात्रा से कनेक्टिविटी परियोजनाओं और विभिन्न क्षेत्रों में अन्य पारस्परिक रूप से लाभकारी सहयोग को गति मिलने की संभावना लग रही है।
देश में इस वर्ष अगस्त में औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) द्वारा मापे गए औद्योगिक उत्पादन…
भारत और फिजी के बीच द्विपक्षीय संयुक्त कार्य समूह (जेडब्ल्यूजी) की दूसरी बैठक 28 सितंबर,…
आंध्र प्रदेश के यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है कि भारतीय रेलवे…
भारतीय रेलवे ने दक्षिण पूर्व रेलवे की 6 किलोमीटर लंबी बारबिल-बोलानी खदान दोहरीकरण परियोजना को…
स्वदेशी तकनीक के ज़रिए रेलवे सुरक्षा को मज़बूत करने की दिशा में एक अहम कदम…
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज नई दिल्ली में ‘प्रहार - CT (आतंकवाद-रोधी) नीति…