जिनेवा में मानवाधिकार परिषद में जम्मू-कश्मीर और मणिपुर को लेकर संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर तुर्क की टिप्पणियों को भारत ने दृढ़ता से खारिज कर दिया है।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि अरिंदम बागची ने टिप्पणियों को निराधार और आधारहीन बताते हुए कहा कि वे जमीनी हकीकत को प्रतिबिंबित नहीं करती।
अरिंदम बागची ने इस बात पर जोर दिया कि भारत एक जीवंत और विविध समाज वाला विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है।
उन्होंने तुर्क के कश्मीर और मणिपुर के संदर्भ तथा जम्मू-कश्मीर के बजाय कश्मीर का उपयोग करने की आलोचना की।
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