लोकसभा ने दिवाला और शोधन अक्षमता संहिता (संशोधन) विधेयक-2025 ध्वनिमत से पारित कर दिया है। यह विेधेयक पहले संसद की प्रवर समिति को भेजा गया था। इसके बाद दिवाला और शोधन अक्षमता संहिता 2016 में आगे संशोधन के लिए सदन में प्रस्तुत किया गया। इसका उद्देश्य प्रक्रियागत विलंब और व्याख्या संबंधी मुद्दों का समाधान करना है।
लोकसभा में दिवाला और शोधन अक्षमता संहिता (संशोधन) विधेयक-आई.बी.सी 2025 पर चर्चा का जवाब देते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने कहा कि इस संहिता का उद्देश्य सिर्फ ऋणों की वसूली के तंत्र के रूप में कार्य करना नहीं बल्कि कारोबार को बचाना, वित्तीय संकट का समाधान करना और उद्यम को सुरक्षित रखने के लिए ढांचा तैयार करना भी है।
महाराष्ट्र में मॉनसून फिर से सक्रिय हो गया है। मुंबई और आसपास के उपनगरों में…
अर्जेंटीना ने ऑस्ट्रिया को 2-0 से हराया। दोनों गोल अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेस्सी ने…
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज नई दिल्ली में नेशनल एग्रीकल्चरल कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज सुबह नई दिल्ली में सेवा तीर्थ में भारतीय प्रशासनिक सेवा…
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने सड़क परिवहन क्षेत्र में साक्ष्य-आधारित नीति निर्माण को मजबूत…
युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय ने राष्ट्रीय खेल बोर्ड में अध्यक्ष और दो सदस्यों के…