कैलाश मानसरोवर यात्रा पांच साल बाद आज से फिर शुरू हो रही है। सिक्किम के राज्यपाल ओम प्रकाश माथुर नाथुला से 36 श्रद्धालुओं का जत्था रवाना करेंगे। पर्यटन और नागर विमानन अपर मुख्य सचिव सी.एस. राव ने बताया कि सुचारू यात्रा सम्पन्न कराने के लिए विभिन्न विभाग मिलकर काम कर रहे हैं। हमारे संवाददाता ने बताया है कि मानसरोवर यात्रा पर नाथुला से दस जत्थे जाएंगे।
प्रत्येक जत्थे को यह पवित्र यात्रा पूरी करने में 11 से 12 दिन लगेंगे। पूरी यात्रा में उनके साथ डॉक्टर और सरकारी अधिकारी रहेंगे। यात्रा के दौरान क्या करना है? इस बारे में उन्हें कई विभागों द्वारा पहले ही जानकारी दे दी गई है कि वे ज़्यादातर बस से जाएंगे, लेकिन कुछ मौकों पर तीर्थयात्रियों को पैदल भी चलना होगा। तीर्थयात्री पहले करीब 17 हज़ार फ़ीट की ऊँचाई पर कैलाश परिक्रमा करेंगे और फिर 15 हज़ार फ़ीट की ऊँचाई पर मानसरोवर परिक्रमा करेंगे। कैलाश मानसरोवर यात्रा पर जाने से पहले, सभी तीर्थयात्रियों को सिक्किम में तीन अलग-अलग जगहों पर 5 दिन बिताने होंगे।
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