राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले में 13 अप्रैल, 2026 को हुई एक घटना का स्वतः संज्ञान लिया है, जिसमें बताया गया है कि ग्रामीणों ने एक महिला के कंधों पर उसके पति को बैठाकर घुमाया। आरोप है कि महिला भाग गई थी। बताया जाता है कि ग्रामीणों ने महिला के बाल भी मुंडवा दिए थे। यह घटना सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद सामने आई।
आयोग ने पाया कि यदि समाचार रिपोर्ट में दी गई जानकारी सही है, तो इससे पीड़ितों के मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन के मामले सामने आते हैं। इसलिए आयोग ने मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले के जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधीक्षक को नोटिस जारी कर दो सप्ताह के भीतर इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में जांच की स्थिति और पीड़ित महिला को दिए गए मुआवजे (यदि कोई हो) का विवरण शामिल होना चाहिए।
15 अप्रैल, 2026 को प्रकाशित मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने महिला का पता लगाया और उसे सुरक्षा प्रदान की। एफआईआर दर्ज कर कुछ गिरफ्तारियां भी की गई हैं।
उन्नत कंप्यूटर संगणन विकास केंद्र (सी-डैक), इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) और भारतीय भूवैज्ञानिक…
वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने आज राज्यसभा को बताया कि पिछले पांच वर्षों में…
राज्यसभा की स्वीकृति के साथ ही संसद ने जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक, 2026…
झारखंड लोकसेवा आयोग-जेपीएससी और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की सीबीआई जांच…
सर्वोच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि दिल्ली सरकार और विभिन्न राज्यों की सरकारें जंतर-मंतर…
भारत और उज़्बेकिस्तान ने कल नई दिल्ली में उच्च स्तरीय बैठक के दौरान महत्वपूर्ण खनिजों,…