दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यूं सुक येओल के विरूद्ध में संसद में दूसरा महाभियोग प्रस्ताव पारित हो गया है। राष्ट्रपति यूं सुक येओल के देश में सैन्य शासन लागू करने के प्रयास के बाद ये महाभियोग प्रस्ताव लाया गया था।
प्रस्ताव पारित होने के लिए नेशनल असेंबली के 300 में से 200 सदस्यों का समर्थन आवश्यक है। प्रस्ताव पारित होने के बाद यह मामला संवैधानिक न्यायालय में जाएगा। स्थानीय मीडिया के अनुसार सत्तारूढ़ पार्टी ने राष्ट्रपति यूं सुक येओल के महाभियोग के खिलाफ़ मतदान का फैसला किया है।
इस बीच, महाभियोग पर मतदान से कुछ घंटे पहले ही हजारों लोग सियोल में प्रदर्शन कर रहे हैं।
संवैधानिक न्यायालय के निर्णय तक राष्ट्रपति पर महाभियोग के बाद उनकी शक्तियां निलंबित रहेंगी। राष्ट्रपति को हटाने के न्यायालय के निर्णय के बाद 60 दिनों के भीतर चुनाव कराना होगा।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पीजीआईएमईआर),…
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) के अंतर्गत राष्ट्रीय…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली के मानेकशॉ सेंटर में इटली के रक्षा मंत्री…
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज हरियाणा के मुख्यमंत्री…
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज नई दिल्ली के भारत मंडपम…
सर्वोच्च न्यायालय ने 15 वर्षीय बालिका को 30 सप्ताह का गर्भ चिकित्सकीय रूप से हटाने…