स्पेन के विदेश मंत्री जोस मैनुअल अल्बारेस ने आज राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से भेंट की।
राष्ट्रपति भवन में मैनुअल अलबारेस का स्वागत करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और स्पेन के बीच संबंध सदियों पुराने हैं, जो व्यापार, संस्कृति और लोकतंत्र एवं बहुलवाद के साझा मूल्यों से समृद्ध हैं। उन्होंने कहा कि इस वर्ष हमारे राजनयिक संबंधों की 70वीं वर्षगांठ है जिसे ‘संस्कृति, पर्यटन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस’ वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि भारत और स्पेन के बीच आर्थिक संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं और व्यापार तथा निवेश का विस्तार हो रहा है। उन्होंने कहा कि इंजीनियरिंग, रेलवे, नवीकरणीय ऊर्जा, शहरी सेवाओं और रक्षा-अंतरिक्ष क्षेत्रों में स्पेन की क्षमताएं भारत की विकास प्राथमिकताओं प्राथमिकताओं को समर्थन देने में सहायक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर हस्ताक्षर के बाद, दोनों देशों के बीच व्यापारिक संबंध और मजबूत होंगे।
द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि बहुपक्षवाद के प्रबल समर्थक होने के नाते, भारत और स्पेन को संयुक्त राष्ट्र और जी-20 जैसे बहुपक्षीय मंचों पर मिलकर काम करना चाहिए ताकि विश्व भर में शांति, समृद्धि और स्थिरता के हमारे साझा लक्ष्यों को आगे बढ़ाया जा सके।
राष्ट्रपति ने कहा कि वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बने आतंकवाद से निपटने के लिए भारत और स्पेन का एक साझा दृष्टिकोण है। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के सभी स्वरूपों से मिलकर लड़ने के लिए हमें अपने संसाधनों और क्षमताओं को मिलाकर एकजुट रूप से प्रयास करना होगा।
द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि यूरोप और यूरोपीय संघ के साथ भारत के संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं और हम अपने 77वें गणतंत्र दिवस के मुख्य अतिथि के रूप में यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष और यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष का स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं।
भारतीय सेना ने आज मानवरहित हवाई प्रणाली और मंडराने वाली युद्धक सामग्री के लिए प्रौद्योगिकी…
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड- सेबी के अध्यक्ष तुहिन कांता पांडे ने कॉर्पोरेट गवर्नेंस में…
पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस शाखा ने गुजरात के आतंकवाद-रोधी दस्ते-एटीएस के साथ मिलकर आई.एस.आई…
भारतीय तटरक्षक बल के 14 एफपीवी परियोजना (यार्ड 16501-14) के अंतर्गत 4 तेज़ गति वाले…
भारत ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान पवन ऊर्जा क्षमता में अब तक की सबसे…
भारतीय रेल ने अपने समूचे नेटवर्क में सुरक्षा, सिग्नलिंग और संचार ढांचे को सुदृढ बनाने…