उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में वनों की आग की स्थिति के मद्देनजर रुद्रप्रयाग जिले में पिरुल लाओ-पैसे पाओ मिशन की शुरुआत की। मुख्यमंत्री ने रूद्रप्रयाग जिले में पिरूल यानी चीड़ के पेड़ की पत्तियों की सफाई में भाग लिया और लोगों को जंगल की आग को रोकने के लिए इस अभियान में भाग लेने के निर्देश दिये। प्रदेश के पहाडी इलाकों में पाए जाने वाले वृक्ष चीड की पत्तियों को ही पिरूल कहा जाता है। अगर इसकी पत्तियों को समय से इक्ट्ठा नहीं किया जाता तो ये जंगल में आग फैलाने का काम करती हैं।
संयुक्त राष्ट्र ने भारत में ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर के तीसरे चरण-जीईसी-3 को मंजूरी मिलने का…
अमरीका के मिलवॉकी में जी-20 व्यापार मंत्रियों की बैठक के समापन पर भारत ने वैश्विक…
जी-7 देशों ने बढ़ती तेल और डीजल की कीमतों को कम करने के लिए बड़ा…
भारतीय नौसेना का अग्रिम पंक्ति का निर्देशित प्रक्षेपास्त्र स्टील्थ युद्धपोत 'त्रिशूल' भूमध्य सागर, अटलांटिक और…
भारत में बाघ संरक्षण की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए, आज केंद्रीय पर्यावरण,…
मादक पदार्थों और मनोसक्रियक पदार्थों की अवैध तस्करी और तस्करों पर रोक लगाने के अपने…