भारतीय नौसेना का स्वदेशी विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत आज कोलंबो बंदरगाह पर पहुँच गया। यह श्रीलंका के नौसेना द्वारा आगामी अंतर्राष्ट्रीय बेड़ा समीक्षा 2025-आईएफआर में शामिल होने के लिए गया है। इस विशाल युद्धपोत का स्वागत करने के लिए लोगों की भीड एकत्रित हो गई।
भारत के पहले पूर्ण स्वदेशी विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत को वर्ष 2022 में नौसेना में शामिल किया गया था। यह यात्रा भारत और श्रीलंका के बीच सद्भावना की लंबी परंपरा को आगे बढ़ाती है और आपसी विश्वास और सहयोग को मजबूत करती है।
श्रीलंका नौसेना अपनी 75वीं वर्षगांठ समारोह में अपना बेड़ा समीक्षा कर रही है और इसमें कई देशों के जहाज शामिल होंगे। आईएनएस विक्रांत का श्रीलंका के इस आयोजन में शामिल होना हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की बढ़ी हुई समुद्री क्षमताओं का एक रणनीतिक प्रतीक भी है।
पश्चिम बंगाल में पहले चरण और तमिलनाडु में एक ही चरण में कल होने वाले…
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने बुधवार को कर्नाटक के बीदर जिले के भालकी में श्री चन्नबासावाश्रम…
केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश के…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जर्मनी की अपनी तीन दिवसीय यात्रा के पहले दिन बर्लिन…
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित केदारनाथ धाम के कपाट आज सुबह आठ बजे वैदिक…
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले की आज पहली बरसी है। पिछले साल इसी…