NTPC पश्चिमी क्षेत्र-I मुख्यालय और MBRAPP ने राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवा पहुंच बढ़ाने के लिए चलित (मोबाइल) मेडिकल यूनिट आरंभ किया

राष्ट्रीय तापविद्युत निगम (एनटीपीसी) पश्चिमी क्षेत्र-I मुख्यालय और माही बांसवाड़ा राजस्थान परमाणु ऊर्जा परियोजना (एमबीआरएपीपी) ने राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवा बढ़ाने के लिए 27 फरवरी 2025 को एक चलित मेडिकल यूनिट (एमएमयू) आरंभ किया है। एमबीआरएपीपी स्थल के आसपास के समुदायों को स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराने के प्रयासों में यह महत्वपूर्ण कदम है। एनटीपीसी पश्चिमी क्षेत्र-I मुख्यालय मुंबई के कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व योगदान से वित्त पोषित इस पहल को वॉकहार्ट फाउंडेशन के साथ साझेदारी में लागू किया जा रहा है।

इस अवसर पर एमबीआरएपीपी के कार्यकारी निदेशक (परमाणु) और परियोजना निदेशक प्रसेनजीत पाल ने हरी झंडी दिखाकर मेडिकल वाहन को रवाना किया। इस अवसर पर महाप्रबंधक (परियोजनाएं) संदीप कुमार दास, महाप्रबंधक (एलए एवं आरआर) पंकज ध्यानी, एनटीपीसी पश्चिमी क्षेत्र-1 मुख्यालय की मानव संसाधन विभाग की क्षेत्रीय प्रमुख वंदना चतुर्वेदी, न्यूक्लियर पॉवर कॉर्पोरेशन ऑफ़ इंडिया लिमिटेड के एसीई सजीव चतुर्वेदी, परियोजना से लाभान्वित होने वाले तीन पंचायतों के सरपंच, स्थानीय ग्रामीण और एमबीआरएपीपी के कर्मचारी उपस्थित थे। इस आयोजन में वॉकहार्ट फाउंडेशन के वरिष्ठ प्रतिनिधि भी मौजूद थे।

स्थायी स्वास्थ्य सेवा पहल की आवश्यकता का उल्लेख करते हुए, वंदना चतुर्वेदी ने इस बात पर जोर दिया कि यह पहल राष्ट्रीय तापविद्युत निगम पश्चिमी क्षेत्र-I की कॉरर्पोरेट सामाजिक दायित्व पहल के तहत 6 दिसंबर 2024 को आयोजित मेगा मेडिकल कैंप के दौरान प्राप्त फीडबैक से आरंभ हुई है। चलित स्वास्थ्य सेवा द्वारा ग्रामीण आबादी को मुफ्त चिकित्सा जांच-परामर्श, प्राथमिक चिकित्सा और दवाएं प्रदान की जाएगी। इससे उन लोगों तक स्वास्थ्य सेवा पहुंच सुनिश्चित होगी, जिन्हें समय और परिवहन बाधाओं के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचने में चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।

सीएसआर गतिविधियां जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए प्रसेनजीत पाल ने कहा कि एमबीआरएपीपी में हम मानते हैं कि हमारी ज़िम्मेदारियां बिजली उत्पादन से कहीं आगे तक हैं। यह चलित (मोबाइल) मेडिकल यूनिट समुदायों की भलाई के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि हम सार्थक सीएसआर पहल के माध्यम से सामाजिक-आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के अपने प्रयास जारी रखेंगे।

क्षेत्र के स्थानीय सरपंचों ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि इससे महिलाओं और बुजुर्गों को बहुत लाभ होगा तथा दूरदराज के क्षेत्रों के निवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध होगी।

इस कदम के साथ, माही बांसवाड़ा राजस्थान परमाणु ऊर्जा परियोजना और राष्ट्रीय तापविद्युत निगम (एनटीपीसी) पश्चिमी क्षेत्र-I मुख्यालय ने समग्र विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हुए यह सुनिश्चित किया है कि औद्योगिक विकास के लाभ उन समुदायों के जीवन में ठोस सुधार के रूप में परिवर्तित होने चाहिए जिनके लिए वे सेवारत हैं।

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