संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार समिति की विस्तृत रिपोर्ट में पाकिस्तान में धार्मिक असहिष्णुता के प्रसार, हिंदू और ईसाई अल्पसंख्यक लड़कियों के जबरन अपहरण तथा धर्मांतरण, मीडिया और अभिव्यक्ति की आजादी पर अंकुश लगाने पर गंभीर चिंता प्रकट की गई है। संयुक्त राष्ट्र समिति ने शिया मुसलमानों, ईसाइयों, अहमदियों, हिंदुओं और सिखों पर बढ़ते हमलों तथा धमकियों से निपटने में पाकिस्तान सरकार की अक्षमता पर भी सवाल उठाए हैं। नागरिक और राजनीतिक अधिकारों पर संयुक्त राष्ट्र की अंतरराष्ट्रीय समिति ने पाकिस्तान में मानवाधिकार स्थितियों की समीक्षा के दौरान ये चिंताएं प्रकट की। रिपोर्ट में देश में आम चुनाव में गडबड के लिए सोशल मीडिया और इंटरनेट पर सरकारी संस्थानों तथा अधिकारियों के प्रतिबंधों, रुकावटों और निगरानी पर भी सवाल उठाए गए हैं।
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